
उसके ऐसा करने की वजह से वान्या अब कुछ नहीं कर पा रही थी। अपने चेहरे को इधर उधर कर रही थी, फिर कोई फायदा नहीं हुआ। तभी वितांश ने उसके हाथों को पकड़ कर अपने पेट के नीचे रखा और उसके होठों को छोड़कर उसकी आंखों में देखने लगा, जैसे कि वो आंखों से ही रिक्वेस्ट कर रहा था कि वो उसकी सिचुएशन समझने की कोशिश करे, खुद को सौंप दे।
पर वान्या अपने हाथों को पीछे की तरफ खींचने लगी। उसके ऐसा करने की वजह से वितांश गुस्से में अपने पेट पर पड़ा कपड़ा उतार कर नीचे खींचा और वान्या के हाथों को अपने बेल्ट से बांध दिया। वान्या उसे देखकर आंखें बंद करने लगी, तो वितांश ने उसका चेहरा पकड़ कर अपनी तरफ खींचते हुए कहा,








Write a comment ...